चन्दन सा हो जायेगा ….. निज हृदय तनिक नभ सा विस्तृत तो होने दो , सारा जग अपना ऑगन सा हो जायेगा ॥ रत्नों से बढ़कर मूल्यवान होते आँसू जितने…
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मुख-स्नात बिहार मिले न मिले दुःख -व्याकुल शाम नहीं देना
घायल विश्राम नहीं देना मुख- स्नात बिहार मिले न मिले दुःख -व्याकुल शाम नहीं देना । पथ चाँदनी स्नान मिले न मिले घायल विश्राम नहीं देना ॥ दुःख की गंगा…
आदरणीय दुखो ! चिन्ताओ ! चिर-सहचर आँसुओ, अभावो
आभार प्रदर्शन आदरणीय दुखो ! चिन्ताओ ! चिर – सहचर आँसुओ , अभावो । तन मन , प्राण सजाकर तुमने , किया न पलक ओट पल भर को , रोम-…
सुरेन्द्र शर्मा “शिरीष”
श्री सुरेन्द्र शर्मा “शिरीष” का जन्म पनवाड़ी, जिला हमीरपुर (उ. प्र.) मे 27 जुलाई 1945 को हुआ था। Surendra Sharma Shirish माँ सरस्वती के अनन्य साधक थे। उन्होंने बाल्य काल से…
