बुन्देलखण्ड के जनमानस को जीवन-दर्शन, नैतिकता और लोकज्ञान की दिशा देने में महाकवि ईसुरी की शिक्षाप्रद फागों का विशिष्ट स्थान है। उनकी फागें केवल मनोरंजन अथवा श्रृंगार की अभिव्यक्ति मात्र…

बुन्देलखण्ड के जनमानस को जीवन-दर्शन, नैतिकता और लोकज्ञान की दिशा देने में महाकवि ईसुरी की शिक्षाप्रद फागों का विशिष्ट स्थान है। उनकी फागें केवल मनोरंजन अथवा श्रृंगार की अभिव्यक्ति मात्र…